

"कांग्रेस ने झारखंड में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान के लिए पलामू प्रमंडल प्रभारी रामेश्वर उरांव के नेतृत्व में बीएलए-2 कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया, ताकि मतदाता सूची में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित हो सके।"
झारखंड में आज से शुरू हुए विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान को लेकर कांग्रेस ने अपनी सक्रियता बढ़ा दी है। पार्टी की ओर से पलामू प्रमंडल के प्रभारी और लोहरदगा विधायक रामेश्वर उरांव ने सोमवार को गढ़वा पहुंचकर बीएलए-2 (Booth Level Agent) कार्यकर्ताओं के साथ बैठक की।
सर्किट हाउस में आयोजित प्रशिक्षण शिविर में जिले के सभी प्रखंडों से आए बीएलए-2 कार्यकर्ताओं को एसआईआर की प्रक्रिया की विस्तार से जानकारी दी गई। बैठक के दौरान रामेश्वर उरांव ने कार्यकर्ताओं से कहा कि अभियान के दौरान पूरी सतर्कता बरतनी होगी ताकि कोई भी पात्र मतदाता सूची से बाहर न हो और किसी अपात्र व्यक्ति का नाम सूची में शामिल न हो।
उन्होंने कहा कि यदि किसी मतदाता को फॉर्म भरने में परेशानी होती है तो कार्यकर्ता उसकी मदद करें और पूरी प्रक्रिया सही तरीके से समझाएं। उन्होंने नारा भी दोहराया- "योग्य लाभुक और पुराने कांग्रेसी छूटें नहीं, अयोग्य जुड़ें नहीं।"
मीडिया से बातचीत में रामेश्वर उरांव ने कहा कि उन्हें कांग्रेस ने एसआईआर को लेकर पलामू प्रमंडल का प्रभारी बनाया है। इसी उद्देश्य से सभी बीएलए-2 कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया जा रहा है ताकि वे बूथ स्तर पर मतदाताओं की मदद कर सकें और किसी भी तरह की गड़बड़ी पर नजर रखें।
उन्होंने स्पष्ट किया कि कांग्रेस एसआईआर का विरोध नहीं करती, बल्कि इसकी टाइमिंग और कार्यप्रणाली पर सवाल उठाती है। उनका कहना था कि झारखंड में विधानसभा चुनाव अभी करीब तीन साल बाद होने हैं, इसलिए यहां एसआईआर कराने पर कोई आपत्ति नहीं है। लेकिन पश्चिम बंगाल में जहां दो महीने बाद चुनाव होने हैं, वहां इस प्रक्रिया को पहले पूरा किया जाना चाहिए था। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची का पुनरीक्षण पूरी पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ होना चाहिए, ताकि किसी भी पात्र मतदाता का मतदान का अधिकार प्रभावित न हो।





