

"झारखंड की राजधानी रांची के विधानसभा थाना क्षेत्र के नयासराय में पुलिस और राहुल सिंह गिरोह के बीच मुठभेड़ हुई। जवाबी कार्रवाई में शाहिद नाम का आरोपी घायल हो गया, जबकि पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।"
झारखंड की राजधानी रांची में पुलिस ने आपराधिक गिरोहों के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। विधानसभा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले नयासराय इलाके में मंगलवार को पुलिस और कुख्यात राहुल सिंह गिरोह के कथित सदस्यों के बीच जोरदार मुठभेड़ हो गई। इस दौरान पुलिस की जवाबी फायरिंग में शाहिद नामक एक आरोपी को गोली लग गई, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घायल शाहिद समेत दोनों आरोपियों को मौके से ही धर दबोचा।
पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, कुछ दिन पहले कांके थाना क्षेत्र में एक पेट्रोल पंप के समीप अंधाधुंध फायरिंग की सनसनीखेज घटना हुई थी। इस मामले की जांच के दौरान राहुल सिंह गिरोह के इन दोनों कथित अपराधियों की संलिप्तता सामने आई थी, जिसके बाद से ही रांची पुलिस इनकी सरगर्मी से तलाश कर रही थी। पुलिस लगातार इनके ठिकानों पर दबिश दे रही थी और मंगलवार को इन्हें पकड़ने के लिए एक विशेष अभियान चलाया गया।

मंगलवार को जब पुलिस टीम को दोनों आरोपियों के नयासराय क्षेत्र में छिपे होने की सटीक सूचना मिली, तो पुलिस ने तुरंत घेराबंदी कर दी। खुद को घिरता देख आरोपियों ने पुलिस दल पर ताबड़तोड़ गोलियां चलानी शुरू कर दीं। अपनी आत्मरक्षा में और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने भी जवाबी कार्रवाई की, जिसमें आरोपी शाहिद के पैर में गोली लग गई। गोली लगने से घायल होते ही वह जमीन पर गिर पड़ा और पुलिस ने बिना कोई मौका गंवाए दोनों को काबू में कर लिया।
घटना के तुरंत बाद पुलिस ने घायल आरोपी शाहिद को तत्काल इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसका इलाज जारी है। वहीं, दूसरे आरोपी से भी पुलिस थाने में गहन पूछताछ की जा रही है। रांची के सीनियर एसपी राकेश रंजन ने इस मामले पर जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस गिरफ्तार अपराधियों से पेट्रोल पंप फायरिंग मामले और राहुल सिंह गिरोह के अन्य गुर्गों के नेटवर्क के बारे में कड़ाई से पूछताछ कर रही है, जिससे कई और खुलासे होने की उम्मीद है।





