

"झारखंड के सिमडेगा जिला प्रशासन ने प्रशासनिक कार्यों में दक्षता लाने और सेवाओं को बेहतर बनाने के उद्देश्य से अधिकारियों के लिए दो दिवसीय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) कार्यशाला आयोजित की।"
झारखंड के सिमडेगा जिले में अब प्रशासनिक कामकाज में तकनीक का बोलबाला नजर आने वाला है। जिला प्रशासन ने 10 और 11 सितंबर को जिला और प्रखंड स्तर के पदाधिकारियों के लिए एक विशेष दो दिवसीय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) कार्यशाला का आयोजन किया। इस पहल का मुख्य उद्देश्य सरकारी प्रक्रियाओं को आधुनिक बनाना और सरकारी सेवाओं को जनता तक अधिक प्रभावी ढंग से पहुँचाना है।
जिला उपायुक्त कंचन सिंह ने इस पहल पर जोर देते हुए कहा कि AI का समावेश प्रशासन को न केवल सरल और पारदर्शी बनाएगा, बल्कि इसे नागरिक-केंद्रित बनाने में भी सहायक सिद्ध होगा। यह कदम झारखंड सरकार की तकनीक-आधारित सुशासन की परिकल्पना को धरातल पर उतारने की दिशा में एक बड़ा और महत्वपूर्ण प्रयास माना जा रहा है।

प्रशिक्षण सत्र के दौरान JSLPS और GDI Partners के विशेषज्ञों ने अधिकारियों को न केवल AI के सैद्धांतिक पहलुओं से अवगत कराया, बल्कि उन्हें अलग-अलग AI टूल्स पर 'हैंड्स-ऑन' ट्रेनिंग भी दी। इन व्यावहारिक सत्रों का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि अधिकारी अपने दैनिक प्रशासनिक कार्यों में दस्तावेजीकरण, डेटा विश्लेषण और सूचना प्रबंधन के लिए इन आधुनिक उपकरणों का कुशलतापूर्वक उपयोग कर सकें।
सिमडेगा प्रशासन इस तकनीक को अपनाने वाला राज्य के अग्रणी जिलों में शामिल हो गया है। कार्यशाला के समापन पर प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र भी वितरित किए गए। हालांकि प्रशासन का ध्यान अभी अधिकारियों को तकनीकी रूप से सक्षम बनाने पर केंद्रित है, लेकिन भविष्य में डेटा सुरक्षा और सटीकता सुनिश्चित करते हुए इसे पूरी तरह से प्रशासनिक व्यवस्था का हिस्सा बनाने की तैयारी की जा रही है।





