

"झारखंड हाईकोर्ट ने JSSC CGL नियुक्तियों को रद्द करने के राज्य सरकार के फैसले पर रोक लगा दी है, जिससे नवनियुक्त अधिकारियों को बड़ी राहत मिली है।"
झारखंड हाईकोर्ट ने JSSC CGL परीक्षा के माध्यम से चयनित नवनियुक्त अधिकारियों के पक्ष में एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। अदालत ने राज्य सरकार द्वारा नियुक्तियों को रद्द करने के आदेश पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है।
यह मामला तब सामने आया जब सरकार के आदेश से प्रभावित रमेश उरांव एवं अन्य चयनित अभ्यर्थियों ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। शुक्रवार को हुई सुनवाई के दौरान अदालत ने सरकार के कदम को चुनौती देने वाली याचिका पर संज्ञान लेते हुए यह राहत प्रदान की।
याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता इंद्रजीत सिन्हा, अर्पण मिश्रा और अंकित विशाल ने अदालत में अपना पक्ष रखा। झारखंड सरकार के इस आदेश ने हजारों चयनित अधिकारियों के भविष्य पर संकट खड़ा कर दिया था, जिसे अब न्यायालय के हस्तक्षेप से फिलहाल सुरक्षित मान लिया गया है।





