

"झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने JPSC-JSSC अभ्यर्थियों को आश्वासन दिया है कि उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार किया जाएगा और भर्ती में गड़बड़ी पाए जाने पर दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।"
झारखंड की राजधानी रांची में JPSC और JSSC परीक्षाओं को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन के बीच मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मोरहाबादी के आदिवासी महोत्सव मंच से एक कड़ा संदेश दिया है। मुख्यमंत्री ने आंदोलनरत युवाओं को आश्वस्त किया कि उनका अधिकार कोई नहीं छीन सकता और सरकार उन्हें न्याय दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।
हेमंत सोरेन ने स्पष्ट किया, "आपका अधिकार आपको मिलेगा और इसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार की है। यदि भर्ती प्रक्रिया में किसी भी स्तर पर गड़बड़ी पाई जाती है, तो जांच के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।" मुख्यमंत्री ने आंदोलन में बाहरी राजनीतिक दखल और छात्रों को भटकाने की कोशिशों की भी आलोचना की।
दिल्ली के जंतर-मंतर की घटनाओं का जिक्र करते हुए सीएम ने कहा कि यह झारखंड है और यहां छात्रों की आवाज दबाने के बजाय संवाद के जरिए समाधान निकाला जाएगा। उन्होंने जोर देकर कहा, "हमें लाठी की नहीं, बातचीत की जरूरत है।" मोरहाबादी मैदान में आयोजित इस कार्यक्रम में राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार भी मौजूद थे। अब देखना यह होगा कि मुख्यमंत्री के इस भरोसे के बाद छात्र अपने आंदोलन को लेकर क्या निर्णय लेते हैं।





