

"झारखंड मुक्ति मोर्चा ने केंद्र सरकार के प्रस्तावित खनिज एवं खनिज विकास संशोधन विधेयक 2026 के विरोध में राज्यव्यापी प्रदर्शन की घोषणा की है।"
झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) ने राज्य के आर्थिक हितों और खनिजों पर अधिकारों की रक्षा के लिए केंद्र सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। पार्टी ने 7 सितंबर 2026 को राज्य के सभी प्रखंड मुख्यालयों पर एक दिवसीय धरना आयोजित करने का निर्णय लिया है।
यह विरोध प्रदर्शन मुख्य रूप से केंद्र सरकार द्वारा लाए जा रहे खनिज एवं खनिज विकास (और विनियमन) संशोधन विधेयक 2026 के खिलाफ है। JMM का आरोप है कि यह प्रस्तावित कानून न केवल राज्य के आर्थिक अधिकारों को कम करेगा, बल्कि केंद्र सरकार झारखंड की बकाया राशि को हड़पने की एक सोची-समझी साजिश कर रही है।
इस आंदोलन को धार देने के लिए पार्टी 31 अगस्त तक राज्य के सभी 24 जिलों में एक व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाएगी। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य आम जनता को प्रस्तावित कानून के घातक प्रभावों से अवगत कराना है। पार्टी कार्यकर्ताओं को निर्देश दिया गया है कि वे इस संदेश को बूथ स्तर तक पहुंचाएं।
JMM के केंद्रीय नेतृत्व ने जिला और महानगर इकाइयों को इस आंदोलन की सफलता के लिए ठोस रणनीति बनाने को कहा है। आने वाले समय में पार्टी इस मुद्दे पर और भी आक्रामक कदम उठाने की तैयारी में है।





