

"मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की माता और दिशोम गुरु शिबू सोरेन की पत्नी रूपी सोरेन के निधन के बाद रांची के मोरहाबादी स्थित आवास पर मातम पसरा हुआ है। उनके अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में नेता, कार्यकर्ता और आम लोग पहुंच रहे हैं।"
रांची के मोरहाबादी स्थित मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का आधिकारिक और निजी आवास, जो अमूमन राजनीतिक सरगर्मी और लोगों की आवाजाही से गुलजार रहता था, आज गहरे शोक और सन्नाटे में डूबा हुआ है। दिशोम गुरु शिबू सोरेन की अर्धांगिनी और सीएम हेमंत सोरेन की पूजनीय माता रूपी सोरेन के देवलोकगमन के बाद से पूरे सोरेन परिवार में कोहराम मचा हुआ है। उनके पार्थिव शरीर को अंतिम दर्शन के लिए इसी आवास पर रखा गया है, जहां श्रद्धांजलि देने वालों का तांता लगा हुआ है।
रूपी सोरेन के निधन की दुखद खबर मिलते ही झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के कार्यकर्ताओं, समर्थकों और राज्यभर के राजनीतिक दिग्गजों में शोक की लहर दौड़ गई। आवास परिसर के भीतर और बाहर मौजूद हर शख्स की आंखें नम हैं और माहौल बेहद गमगीन है। परिवार के सदस्यों को ढांढस बंधाने के लिए लगातार गणमान्य लोगों का आना-जाना जारी है, जो दिवंगत आत्मा को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं।

आज मोरहाबादी आवास की सियासी चमक फीकी पड़ चुकी है और वहां सिर्फ अपनों को खोने का असहनीय दर्द साफ महसूस किया जा सकता है। राजनीतिक व्यस्तताओं से दूर आज इस प्रांगण में केवल श्रद्धांजलि और संवेदनाओं का दौर चल रहा है। हर आने वाला व्यक्ति नम आंखों से रूपी सोरेन के सामाजिक योगदान और उनके सरल स्वभाव को याद कर रहा है।
झारखंड की राजनीति में एक मजबूत स्तंभ की मां और पत्नी के रूप में जानी जाने वाली रूपी सोरेन का यूं चले जाना राज्य के लिए एक अपूरणीय क्षति है। प्रशासन द्वारा मोरहाबादी आवास के आसपास सुरक्षा और भीड़ को नियंत्रित करने के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं ताकि लोग शांतिपूर्ण तरीके से अपने प्रिय नेता की माता के अंतिम दर्शन कर सकें।





