

"जामताड़ा पुलिस ने कैशबैक और क्रेडिट कार्ड बंद होने का झांसा देकर लोगों को लूटने वाले पांच शातिर साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है।"
झारखंड के जामताड़ा में साइबर अपराध के खिलाफ पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने अलग-अलग थाना क्षेत्रों में छापेमारी कर पांच कथित साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। ये आरोपी फर्जी कैशबैक और क्रेडिट कार्ड बंद होने का डर दिखाकर आम नागरिकों को अपना शिकार बनाते थे। पुलिस ने इस कार्रवाई के दौरान आरोपियों के पास से 11 मोबाइल फोन और 13 सिम कार्ड बरामद किए हैं।
पुलिस अधीक्षक शंभू कुमार सिंह को मिली गुप्त सूचना के आधार पर साइबर थाना प्रभारी राजेश मंडल के नेतृत्व में विशेष छापेमारी टीम का गठन किया गया था। टीम ने नारायणपुर थाना क्षेत्र के मुचियाडीह और करमाटांड़ थाना क्षेत्र के मट्टौड़ गांव में योजनाबद्ध तरीके से दबिश दी। इस सफल ऑपरेशन में तसलीम अंसारी, मनाजीर अंसारी, अब्दुल लतीफ, उसमान गनी और जितेन्द्र मंडल को रंगे हाथों पकड़ा गया है।

पूछताछ में खुलासा हुआ है कि ये अपराधी लोगों को PhonePe पर 999 रुपये का कैशबैक मिलने का प्रलोभन देते हुए फर्जी मैसेज भेजते थे। जैसे ही पीड़ित कैशबैक प्राप्त करने के लिए लिंक पर क्लिक करता, उसे एक फर्जी ऐप के जाल में फंसा लिया जाता था। इसके अलावा, ये गिरोह एसबीआई सहित विभिन्न बैंकों के क्रेडिट कार्ड बंद होने का भय दिखाकर पीड़ित के मोबाइल में संदिग्ध एपीके (APK) फाइल डाउनलोड करवाते थे, जिससे वे गोपनीय जानकारी चुरा लेते थे।
पुलिस का मानना है कि इन आरोपियों का नेटवर्क केवल जामताड़ा तक सीमित नहीं है, बल्कि देश के कई अन्य राज्यों में भी फैला हुआ है। फिलहाल, सभी गिरफ्तार आरोपियों से कड़ी पूछताछ की जा रही है ताकि गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों और उनके शिकार बने लोगों की पहचान की जा सके। पुलिस ने आम जनता से भी सतर्क रहने और किसी भी अनजान लिंक या फाइल को डाउनलोड न करने की अपील की है।





