

"गिरिडीह के नावाडीह में सड़क न होने से नाराज युवाओं ने सांसद चंद्र प्रकाश चौधरी और आजसू प्रमुख सुदेश महतो का काफिला रोककर अपनी समस्याएं रखीं, जिसके बाद आजसू सुप्रीमो ने मामले को संभाला।"
झारखंड के गिरिडीह जिले के पीरटांड़ अंतर्गत नावाडीह क्षेत्र में सड़क निर्माण की मांग को लेकर स्थानीय युवाओं का गुस्सा उस वक्त फूट पड़ा, जब आजसू पार्टी का एक कार्यक्रम संपन्न होने के बाद सांसद चंद्र प्रकाश चौधरी (सीपी चौधरी) और पार्टी सुप्रीमो सुदेश महतो का काफिला वहां से गुजर रहा था। ग्रामीणों और युवाओं ने बुनियादी सुविधाओं के अभाव पर गहरी नाराजगी जताते हुए जनप्रतिनिधियों के काफिले को रोक लिया और क्षेत्र की बदहाल स्थिति पर तीखे सवाल खड़े किए।
युवाओं का मुख्य सवाल यह था कि उनके गांव में पक्की सड़क का निर्माण कार्य कब शुरू होगा और आम जनता को कब तक आवागमन की समस्याओं से जूझना पड़ेगा। विरोध प्रदर्शन के बढ़ने पर सांसद सीपी चौधरी अपनी गाड़ी से नीचे उतरे और ग्रामीणों से रूबरू हुए। इस दौरान जनप्रतिनिधियों और युवाओं के बीच क्षेत्र के विकास और बुनियादी जरूरतों को लेकर लंबी बातचीत हुई, जिसमें स्थिति कुछ देर के लिए तनावपूर्ण भी हो गई थी।

घटना के दौरान आजसू सुप्रीमो सुदेश महतो ने बेहद संयम का परिचय देते हुए आगे बढ़कर युवाओं से सीधी बातचीत की और पूरे घटनाक्रम के बीच स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया। उन्होंने स्थानीय लोगों को यह भरोसा दिलाया कि उनकी इस गंभीर समस्या को प्राथमिकता के आधार पर संबंधित विभागों और मंचों के समक्ष उठाया जाएगा, ताकि क्षेत्र में जल्द से जल्द विकास कार्यों को गति मिल सके।
इस पूरे मामले ने एक बार फिर ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं की कमी और जनप्रतिनिधियों की जवाबदेही पर नए सवाल खड़े कर दिए हैं। अब नावाडीह के स्थानीय ग्रामीणों की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि जनप्रतिनिधियों के आश्वासन के बाद सड़क निर्माण की दिशा में कब तक कोई ठोस और सकारात्मक प्रशासनिक कदम उठाया जाता है।





