

"धनबाद के बरवाअड्डा थाना प्रभारी और विधायक जयाराम महतो के बीच उपजे विवाद ने तूल पकड़ लिया है। पुलिस एसोसिएशन ने माफी की मांग की है, जिसे विधायक ने सिरे से खारिज कर दिया है।"
धनबाद में डुमरी के विधायक जयाराम महतो और बरवाअड्डा थाना प्रभारी रवि कुमार के बीच का विवाद गहराता जा रहा है। मामला 21 अगस्त की रात हुई एक फोन बातचीत के ऑडियो के वायरल होने से शुरू हुआ, जिसके बाद झारखंड पुलिस एसोसिएशन ने विधायक के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
पुलिस एसोसिएशन का आरोप है कि विधायक ने थाना प्रभारी के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया और उन्हें नौकरी से बर्खास्त करने की धमकी दी। एसोसिएशन ने इस घटना को जनप्रतिनिधि द्वारा पुलिस अधिकारी का अपमान बताते हुए सार्वजनिक माफी की मांग की है।
हालांकि, जयाराम महतो ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा, 'मैं जिंदगी भर माफी नहीं मांगूंगा, भले ही मुझे फांसी क्यों न हो जाए।' विधायक का दावा है कि वायरल ऑडियो और वीडियो के साथ छेड़छाड़ की गई है और 11 मिनट की बातचीत में से केवल दो मिनट का अंश तोड़-मरोड़ कर पेश किया गया है।
उन्होंने अपने बचाव में कहा कि एक जनप्रतिनिधि होने के नाते जनता की समस्याओं पर अधिकारियों से सख्ती से बात करना उनका अधिकार है। फिलहाल, यह विवाद पुलिस और राजनीति के बीच एक बड़े गतिरोध के रूप में सामने आया है, जिस पर सबकी निगाहें टिकी हैं।





