

"झारखंड की कोयला राजधानी धनबाद में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने कई कोयला कारोबारियों के ठिकानों पर छापेमारी की है। केंद्रीय सुरक्षा बलों की मौजूदगी में चल रही यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग जांच का हिस्सा है।"
धनबाद में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मंगलवार सुबह एक बड़े ऑपरेशन को अंजाम देते हुए कोयला कारोबार और आउटसोर्सिंग नेटवर्क से जुड़े कई प्रभावशाली कारोबारियों के ठिकानों पर छापेमारी की। सुबह करीब 7 बजे केंद्रीय सुरक्षा बलों के साथ पहुंची ईडी की टीमों ने अचानक दबिश देकर पूरे क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, ईडी के अधिकारी सरायढेला और धनसार सहित कई इलाकों में स्थित घरों और कार्यालयों की गहन तलाशी ले रहे हैं। जांच एजेंसी वित्तीय दस्तावेजों, बैंक रिकॉर्ड, कथित बेनामी संपत्तियों के कागजात, मोबाइल फोन और डिजिटल उपकरणों को खंगाल रही है। माना जा रहा है कि यह कार्रवाई संदिग्ध मनी ट्रेल और कोयला कारोबार में कथित वित्तीय अनियमितताओं से जुड़ी है।
यह छापेमारी 21 नवंबर 2025 को BCCL टेंडर में गड़बड़ी और अवैध कोयला कारोबार को लेकर की गई कार्रवाई की अगली कड़ी मानी जा रही है। उस दौरान मिले इनपुट के आधार पर ही एजेंसी ने अब अपनी जांच का दायरा बढ़ाते हुए नए ठिकानों को निशाना बनाया है। हालांकि, ईडी ने अब तक किसी की गिरफ्तारी या बरामदगी को लेकर आधिकारिक पुष्टि नहीं की है, लेकिन कोयला जगत के बड़े नामों में इस कार्रवाई के बाद बेचैनी बढ़ गई है।





