

"उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से शिष्टाचार भेंट की। इस मुलाकात को आगामी उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव और राजनीतिक तैयारियों के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।"
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को नई दिल्ली में देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। दोनों शीर्ष नेताओं के बीच यह अहम बैठक ऐसे समय पर हुई है, जब उत्तर प्रदेश के राजनीतिक गलियारों में सुगबुगाहट तेज हो गई है और राज्य में अगले विधानसभा चुनाव की तैयारियां धीरे-धीरे राजनीतिक गतिविधियों के केंद्र में आने लगी हैं। इस मुलाकात के बाद से ही राज्य की सियासत में नए समीकरणों और चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।
मुलाकात के तुरंत बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल पर इस भेंट की तस्वीरें साझा करते हुए प्रधानमंत्री मोदी के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने लिखा कि विश्व के सर्वाधिक लोकप्रिय राजनेता और आदरणीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से नई दिल्ली में शिष्टाचार भेंट हुई। सीएम योगी ने आगे कहा कि उनका मार्गदर्शन 'नए उत्तर प्रदेश' के निर्माण हेतु उन्हें सदैव नई ऊर्जा प्रदान करता है तथा अपना अमूल्य समय देने के लिए प्रधानमंत्री का हार्दिक आभार।

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में अगले विधानसभा चुनाव तय समय पर होने हैं, जिसे लेकर भारतीय जनता पार्टी ने संगठनात्मक स्तर पर अपनी चुनावी तैयारियों को अभी से गति देना शुरू कर दिया है। सितंबर की शुरुआत में हुई पार्टी की एक उच्चस्तरीय बैठक में आगामी चुनावों के मद्देनजर संगठन और सरकार के स्तर पर तैयारियों तथा 'मिशन 2027' पर विस्तार से मंथन किया गया था। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के बीच हुई यह चर्चा इसी बृहत रणनीति का एक हिस्सा हो सकती है।
यद्यपि इस मुलाकात के दौरान विधानसभा चुनाव या किसी अन्य राजनीतिक एजेंडे को लेकर क्या विशेष चर्चा हुई, इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि या विवरण सामने नहीं आया है, फिर भी राज्य की मौजूदा राजनीतिक गतिविधियों और प्रशासनिक मुद्दों के संदर्भ में इस भेंट को बहुत खास माना जा रहा है। दिल्ली दरबार में हुई इस शीर्ष स्तरीय बैठक के बाद उत्तर प्रदेश के राजनीतिक हल्कों में भविष्य की रणनीतियों को लेकर कई तरह के कयास लगाए जाने लगे हैं।





