

"झारखंड के चतरा जिले में पुलिस टीम पर पथराव की घटना के बाद प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए दो लोगों को गिरफ्तार किया है। इस हमले में दो थाना प्रभारियों सहित पांच पुलिसकर्मी घायल हुए थे।"
झारखंड के चतरा जिले के टंडवा थाना क्षेत्र में पुलिस टीम पर हमले के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपितों में डाहु पंचायत के पूर्व मुखिया भी शामिल हैं। यह घटना तब हुई जब पुलिस टीम सिदपा गांव में ग्रामीणों के कब्जे से एक युवक-युवती को मुक्त कराने पहुंची थी। गिरफ्तार आरोपितों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है और बाकी फरार आरोपियों की तलाश तेज कर दी गई है।
सीनियर डीएसपी प्रभात रंजन बरवार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में जानकारी दी कि 8 सितंबर की शाम पुलिस को सूचना मिली थी कि ग्रामीणों ने एक घर में युवक-युवती को बंधक बना रखा है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने जैसे ही दोनों को सुरक्षित बाहर निकाला, भीड़ उग्र हो गई। भीड़ ने पुलिस अभिरक्षा से उन्हें छुड़ाने की कोशिश की और देखते ही देखते पुलिस टीम पर पथराव शुरू कर दिया।

इस हिंसक हमले में टंडवा थाना प्रभारी पप्पु कुमार शर्मा और चतरा सदर थाना प्रभारी अनिल उरांव समेत कुल पांच पुलिसकर्मी गंभीर रूप से घायल हो गए। पथराव इतना तीव्र था कि पुलिस के पांच सरकारी वाहन भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। घटना के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 37 नामजद और करीब 300 से 400 अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है।
पुलिस प्रशासन अब वीडियो फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर दंगाइयों की पहचान कर रही है। आरोपियों की धरपकड़ के लिए एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया है। अधिकारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि सरकारी कार्य में बाधा डालने, पुलिस पर हमला करने और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।





