

"बोकारो जिले के चास अंचल कार्यालय में जमीन विवाद की शिकायत को लेकर युवकों और अंचल अधिकारी के बीच जमकर हंगामा हुआ। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर मारपीट, पैसे मांगने और सरकारी काम में बाधा डालने के गंभीर आरोप लगाए हैं।"
बोकारो के चास अंचल कार्यालय में इन दिनों तनाव का माहौल बना हुआ है, जहां जमीन विवाद से जुड़ी एक शिकायत की जानकारी लेने पहुंचे कुछ युवकों और अंचल अधिकारी (CO) के बीच तीखी नोकझोंक हो गई। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि मामला सीधे तौर पर आरोप-प्रत्यारोप और हंगामे में तब्दील हो गया। पीड़ित युवकों ने अंचल अधिकारी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि जमीन के काम को आगे बढ़ाने के लिए उनसे पैसों की मांग की जा रही थी।
पूरा मामला तब शुरू हुआ जब बीजूलिया गांव के कुछ युवक डीसी के जनता दरबार में दिए गए आवेदन की प्रगति जानने के लिए अंचल कार्यालय पहुंचे थे। युवकों का कहना है कि डीसी कार्यालय से इस मामले की जानकारी ई-मेल के जरिए चास अंचल अधिकारी सेवाराम साहू को पहले ही भेजी जा चुकी थी। हालांकि, जब युवक मामले की अपडेट लेने पहुंचे, तो बातचीत के दौरान दोनों पक्षों के बीच बहस छिड़ गई जो बाद में हाथापाई तक पहुंच गई।

दूसरी ओर, अंचल अधिकारी सेवाराम साहू ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए पुलिस को एक लिखित आवेदन दिया है। CO का दावा है कि कुछ लोग जबरन उनके कार्यालय कक्ष में घुस आए, उन्हें डराने-धमकाने लगे और सरकारी कामकाज में बाधा डाली। अधिकारी ने यह भी आरोप लगाया कि इस हंगामे के दौरान उनके साथ धक्का-मुक्की की गई, वहां तैनात गृह रक्षक जवानों से बदसलुकी हुई और कार्यालय का दरवाजा तक तोड़ने का प्रयास किया गया।
इस हाई-वोल्टेज ड्रामे के बाद दोनों पक्षों की ओर से थाने में शिकायत दर्ज कराई गई है, जिसकी पुलिस अब बारीकी से जांच कर रही है। सच क्या है, यह जानने के लिए अंचल कार्यालय में लगे सीसीटीवी (CCTV) फुटेज को खंगाला जा रहा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज और साक्ष्यों के आधार पर ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि विवाद की असल वजह क्या थी और घटना के दौरान वास्तव में क्या हुआ था।





