

"अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दक्षिण कोरिया के साथ सैन्य अभ्यासों को 'काफी कम' करने का आदेश दिया है, जिसे वे महंगा और उत्तर कोरिया के लिए उकसावे वाला कदम मानते हैं।"
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए दक्षिण कोरिया के साथ होने वाले संयुक्त सैन्य अभ्यासों को 'काफी कम' (substantially reduce) करने का निर्देश दिया है। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर इस फैसले की जानकारी दी।
ट्रंप का मानना है कि ये सैन्य अभ्यास अत्यंत खर्चीले हैं और इनका अधिकांश वित्तीय बोझ अमेरिका उठाता है। उन्होंने तर्क दिया कि ये अभ्यास उत्तर कोरिया और उसके नेता किम जोंग उन के प्रति एक 'अनुचित और शत्रुतापूर्ण' संदेश भेजते हैं। ट्रंप ने दावा किया कि उनके सत्ता में आने के बाद से उत्तर कोरिया का व्यवहार सम्मानजनक रहा है और उनके किम जोंग उन के साथ व्यक्तिगत संबंध काफी बेहतर हुए हैं।
हालांकि, रक्षा सचिव पीट हेगसेथ को दिए गए इस निर्देश के बावजूद, दक्षिण कोरिया ने संकेत दिया है कि सुरक्षा गठबंधन के तहत पूर्व-निर्धारित अभ्यास अपने तय कार्यक्रम के अनुसार जारी रह सकते हैं। उत्तर कोरिया लंबे समय से इन अभ्यासों का विरोध करता आया है, जिन्हें वह अपने खिलाफ संभावित आक्रमण की तैयारी मानता है।
इस घोषणा के दौरान ट्रंप ने यह भी खुलासा किया कि उन्होंने दक्षिण कोरिया से ईरान के परमाणु कार्यक्रम के संदर्भ में सहयोग मांगा था, जिसे सियोल ने अस्वीकार कर दिया। अब विशेषज्ञों की नजर इस बात पर है कि अमेरिका और दक्षिण कोरिया के बीच सुरक्षा संबंधों पर इस नीतिगत बदलाव का कितना असर पड़ेगा।
